TNPDCL की चोरी हुई हार्ड डिस्क से कोई आपत्तिजनक सामग्री नहीं मिली

चेन्नई, 26 अप्रैल: हाल ही में टीएनपीडीसीएल (तमिलनाडु पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड) की 18 हार्ड डिस्क चोरी होने की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने विस्तृत जांच की। छानबीन के दौरान, बैंगलोर में संदिग्ध के कब्जे से कुल 34 हार्ड डिस्क बरामद की गईं, जिनमें से चोरी की हार्ड डिस्क भी शामिल हैं।
इस मामले की गूंज बढ़ने पर ग्रेटर चेन्नई पुलिस ने जांच की जिम्मेदारी CB-CID (क्राइम ब्रांच – क्रिमिनल इन्वेस्टिगेशन डिपार्टमेंट) को सौंप दी है। अधिकारियों का कहना है कि यह कदम जांच में पारदर्शिता और गहनता लाने के लिए आवश्यक था।
थाना अधिकारियों ने बताया कि प्रारंभिक जांच में चोरी हुई हार्ड डिस्क में से कोई भी आपत्तिजनक या संवेदनशील डेटा नहीं पाया गया है। इससे यह साफ़ हुआ कि चोरी का उद्देश्य शायद कोई गैरकानूनी गतिविधि नहीं बल्कि सिस्टम से जुड़े हार्डवेयर उपकरणों की अवैध निकासी हो सकती है।
ग्रेटर चेन्नई पुलिस के अनुसार, संदिग्ध के कब्जे से मिले अतिरिक्त हार्ड डिस्क की भी जांच चल रही है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि वे हार्ड डिस्क किस स्रोत से आए हैं और उनका उद्देश्य क्या था। साथ ही, संदिग्ध के अन्य सहयोगियों और नेटवर्क की जानकारी जुटाने में भी पुलिस लगी हुई है।
टीएनपीडीसीएल के अधिकारी भी इस मामले को गंभीरता से ले रहे हैं और कंपनी के डेटा सुरक्षा प्रोटोकॉल की समीक्षा करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। उन्होंने जनता से अपील की है कि यदि किसी के पास चोरी हुई हार्ड डिस्क से जुड़ी जानकारी हो तो वे सक्रिया रूप से पुलिस से संपर्क करें।
इस पूरे प्रकरण से स्पष्ट होता है कि डेटा सुरक्षा और हार्डवेयर उपकरणों की सुरक्षा के लिए संस्थागत स्तर पर और भी कड़े उपायों की आवश्यकता है। वहीं, अधिकारियों की जांच जारी है और जल्द ही मामले की विस्तृत रिपोर्ट सार्वजनिक करने की संभावना है।