तेलंगाना में स्कूल बस क्रैकडाउन जारी; 16 जून तक पूरे राज्य में 165 मामले दर्ज

तेलंगाना में स्कूल बसों की सुरक्षा को लेकर जारी क्रैकडाउन पिछले दिनों और भी कड़े रूप में जारी है। राज्यभर में पुलिस और संबंधित विभागों द्वारा 16 जून तक कुल 165 विभिन्न प्रकार के मामले दर्ज किए गए हैं। इस अभियान का उद्देश्य बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता देना और परिवहन नियमों का कड़ाई से पालन कराना है।
जिला पुलिस मुख्यालयों से मिली जानकारी के अनुसार, इन मामलों में गैरकानूनी तरीके से बस संचालित करने, लाइसेंस के बिना चलाने, सुरक्षा मानकों की अनदेखी करने और बच्चे सीट बेल्ट न लगाने जैसे आरोप शामिल हैं। कुछ बस संचालकों के खिलाफ जुर्माना भी लगाया गया है।
इस कार्रवाई को लेकर राज्य सरकार ने parents और स्कूल प्रशासन से भी सहयोग मांगा है ताकि बच्चे सुरक्षित परिवहन के माध्यम से स्कूल जा सकें। शिक्षा विभाग और परिवहन विभाग मिलकर इस अभियान को प्रभावी बना रहे हैं ताकि बच्चों को ट्रैफिक नियमों की सुरक्षा प्रदान की जा सके।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि अभियान के तहत बसों की नियमित जांच की जा रही है। अगर किसी बस में कोई भी सुरक्षा मानक का उल्लंघन पाया जाता है तो तत्काल उसे सेवा से हटा दिया जाता है। इसके अतिरिक्त, चालकों की योग्यता, ड्राइविंग लाइसेंस की वैधता और बस के इंजन की स्थिति भी जांची जा रही है।
स्कूलों के लिए कुछ विशेष निर्देश भी जारी किए गए हैं। स्कूलों को बस सेवा संबंधी नियमित रिकॉर्ड रखना होगा और Parents को भी उनके बच्चों के लिए सुरक्षित परिवहन विकल्प चुनने की सलाह दी गई है।
इस अभियान की सफलता के लिए पुलिस, परिवहन विभाग और शिक्षा विभाग ने मिलकर सप्ताह में विभिन्न जगहों पर जागरूकता शिविर भी लगाए हैं। इन शिविरों में माता-पिता और बच्चों को सुरक्षित बस यात्रा के नियमों के प्रति जागरूक किया जा रहा है।
तेलंगाना राज्य सरकार द्वारा इस पहल को बच्चों की सुरक्षा के लिहाज से महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि आने वाले समय में ऐसे अभियान और भी व्यापक तरीके से चलाए जाएंगे जिससे कि कोई भी बच्चा स्कूल आने-जाने के दौरान खतरे में न पड़े।
समाप्त करते हुए, यह स्पष्ट है कि स्कूल बस क्रैकडाउन ने प्रदेश में स्कूल बसों को सुरक्षित बनाने की दिशा में ठोस कदम उठाए हैं और आगे भी यह अभियान जारी रहेगा।